दबंगों ने दूल्हे को घोड़ी से घसीटकर नीचे उतारा और बेरहमी से पीटा
आज के दौर में भी एक दलित का घोड़ी पर चढ़ना “गुनाह” है? मध्य प्रदेश के सागर जिले (गढ़ाकोटा) से एक ऐसी खबर आई है जिसने मानवता को शर्मसार कर दिया है।
🔹 चनउआ गांव में दलित समाज की बारात निकल रही थी।
🔹 दूल्हा घोड़ी पर सवार था, जो कुछ दबंगों को नागवार गुजरा।
🔹 दबंगों ने दूल्हे को घोड़ी से घसीटकर नीचे उतारा और बेरहमी से पीटा।
🔹 जब बहादुर मां अपने बेटे को बचाने दौड़ी, तो उन पर तलवार से हमला कर दिया गया, जिससे उनकी उंगलियां कट गईं।
यह हमला सिर्फ एक परिवार पर नहीं, बल्कि हमारे संविधान और सामाजिक न्याय की अवधारणा पर प्रहार है। प्रशासन ने मामला दर्ज कर लिया है, लेकिन सवाल वही है,आखिर कब तक?
✅ दोषियों पर कड़ी से कड़ी कार्रवाई हो।
✅ पीड़ित परिवार को उचित सुरक्षा और मुआवजा मिले।
✅ जातिगत भेदभाव और सामंती मानसिकता के खिलाफ सख्त सामाजिक और कानूनी कदम उठाए जाएं।
(यह सोशल मीडिया पर वायरल खबर है)



